सृजन शुक्ला ,जबलपुर। मध्यप्रदेश के जबलपुर और ग्वालियर के लिए यह बेहद गौरव का क्षण है। जबलपुर के प्रतिष्ठित चिकित्सक परिवार से जुड़े अभिनेता कार्तिक आर्यन को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता (लीडिंग रोल) के राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। कार्तिक का जन्म जबलपुर के एक मध्यमवर्गीय डॉक्टर परिवार में हुआ, जबकि उनका पालन-पोषण ग्वालियर में हुआ। उनकी नानी का घर आज भी जबलपुर में है, जिससे उनका इस शहर से विशेष भावनात्मक जुड़ाव बना हुआ है।जैसे ही टीवी पर नेशनल अवार्ड्स की लाइव अनाउंसमेंट हो रही थी, कार्तिक आर्यन अपने मम्मी-पापा के साथ लिविंग रूम में बैठे थे. वीडियो में साफ दिख रहा है कि जैसे ही जूरी ने बेस्ट एक्टर के लिए कार्तिक आर्यन के नाम की घोषणा की, कार्तिक अपनी जगह से उछल पड़े और खुशी के मारे जोर से चिल्ला उठे. उनके चेहरे पर सालों की मेहनत और एक वर्षों पुराने सपने के सच होने की खुशी साफ झलक रही थी.
अपनी मेहनत, प्रतिभा और दमदार अभिनय के दम पर कार्तिक आर्यन ने न केवल बॉलीवुड में अपनी अलग पहचान बनाई है, बल्कि आज वह देशभर के युवाओं, खासकर जेन-ज़ी (Gen Z) के सबसे लोकप्रिय सितारों में शामिल हैं। राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित होकर उन्होंने जबलपुर, ग्वालियर और पूरे मध्यप्रदेश का गौरव बढ़ाया है।
यह अवार्ड कार्तिक के लिए इसलिए भी बहुत बड़ा है क्योंकि इसे उन्होंने मलयालम सिनेमा के लेजेंडरी सुपरस्टार ममूटी के साथ शेयर किया है, जिन्हें फिल्म भ्रमयुगम के लिए बेस्ट एक्टर चुना गया है. इतने बड़े दिग्गज कलाकार के साथ नेशनल अवार्ड साझा करना किसी भी युवा एक्टर के लिए बहुत बड़े गर्व की बात है.
कार्तिक आर्यन की यह उपलब्धि उन युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो छोटे शहरों से निकलकर बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने का हौसला रखते हैं। जबलपुर के चिकित्सक परिवार से जुड़े इस होनहार कलाकार ने अपनी सफलता से एक बार फिर साबित कर दिया है कि प्रतिभा और मेहनत के दम पर देश के सर्वोच्च सम्मानों तक पहुंचा जा सकता है।
