कलमवीर, जबलपुर। स्वयं को ‘सनातनी मुस्लिम’ बताने वाली इंटरनेट मीडिया इन्फ्लुएंसर नाजिया इलाही खान के खिलाफ जबलपुर के हनुमानताल थाने में जीरो पर एफआइआर दर्ज की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि नाजिया इलाही द्वारा पैगंबर मोहम्मद साहब को लेकर कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं, जिससे मुस्लिम समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं।
मुस्लिम लीगल एड एंड वेलफेयर सोसाइटी के अध्यक्ष एवं अधिवक्ता शवाब खान ने इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी थी। शिकायत के अनुसार 19 जून से इंस्टाग्राम, यूट्यूब और फेसबुक जैसे इंटरनेट मीडिया प्लेटफॉर्म पर कुछ वीडियो और टिप्पणियां प्रसारित हो रही थीं, जिनमें धार्मिक भावनाएं आहत करने वाली सामग्री होने का आरोप लगाया गया है।
हनुमानताल थाना पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद भारतीय न्याय संहिता की धारा 299 के तहत जीरो पर अपराध दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार कथित घटना का स्थान मध्य प्रदेश के बाहर का बताया जा रहा है, इसलिए प्रकरण की केस डायरी नियमानुसार आगे की जांच और वैधानिक कार्रवाई के लिए संबंधित राज्य की पुलिस को भेजी जाएगी।
इस मामले को लेकर बीते चार दिनों से मुस्लिम समाज और अधिवक्ताओं में आक्रोश व्याप्त था। शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए गुरुवार को जिला अधिवक्ता संघ के नेतृत्व में बड़ी संख्या में अधिवक्ता और मुस्लिम समुदाय के लोग पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। वहां विरोध प्रदर्शन कर आरोपित के खिलाफ तत्काल एफआइआर दर्ज करने और कठोर कार्रवाई की मांग की गई।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश के बाद देर रात हनुमानताल थाने में जीरो पर एफआइआर दर्ज की गई। प्रदर्शनकारियों ने इसे न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया, हालांकि उन्होंने आरोपित के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई के साथ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत भी कार्रवाई की मांग उठाई है।
बताया जाता है कि नाजिया इलाही के खिलाफ देश के अलग-अलग शहरों में पहले से भी मामले दर्ज हैं। वहीं, आरोपित ने अपने बचाव में वायरल वीडियो को एआइ तकनीक से तैयार किया गया बताया है। इस दावे की जांच संबंधित राज्य की पुलिस द्वारा की जाएगी।
डीएसपी हेमंत कुमार ने बताया कि शिकायत प्राप्त होने पर जीरो पर एफआइआर दर्ज की गई है। आगे की विवेचना और आवश्यक कानूनी कार्रवाई संबंधित क्षेत्र की पुलिस द्वारा की जाएगी।
